धूता माइनर में पानी न आने से किसानों की बढ़ी मुश्किलें, एक दर्जन गांवों की हजारों एकड़ फसल पर संकट
ऊंचाहार (रायबरेली)। तहसील क्षेत्र के अंतर्गत मुरैठी रजबहा से निकली धूता माइनर में लंबे समय से पानी न आने के कारण किसानों के सामने सिंचाई का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। नहर की सफाई वर्षों से न होने और विभागीय लापरवाही के चलते माइनर पूरी तरह झाड़-झंखाड़ से पट चुकी है। वहीं जगह-जगह बने अवरोध (बंधों) के कारण भी पानी खेतों तक नहीं पहुंच पा रहा है। इससे इस माइनर पर निर्भर करीब एक दर्जन गांवों के किसानों की हजारों एकड़ कृषि भूमि असिंचित पड़ी हुई है।
किसानों के अनुसार पूरे शिवदत्त, देवगनपुर, कल्याणपुर, पूरे रिसाल, पूरे सम्भर, मिश्रापुर, मीरापुर, बुढानपुर, पूरे मुराइन, नारायण भीट तथा धूतेश्वर-धूता सहित कई गांवों में धान की फसल की सिंचाई प्रभावित हो रही है। इस क्षेत्र में धूता माइनर ही सिंचाई का मुख्य साधन है। पानी न मिलने से किसानों को मजबूरी में निजी ट्यूबवेल का सहारा लेना पड़ रहा है, जिससे उनकी लागत लगातार बढ़ रही है।
पूरे शिवदत्त निवासी किसान रामबहादुर यादव ने बताया कि उन्होंने एक बीघा खेत में धान की रोपाई के लिए करीब 14 घंटे तक निजी ट्यूबवेल चलाया। इसके बावजूद आगे की सिंचाई को लेकर चिंता बनी हुई है। उनका कहना है कि यदि जल्द नहर में पानी नहीं छोड़ा गया तो फसल को भारी नुकसान हो सकता है।
किसान रामदास पासवान, प्रेम जायसवाल, दीनदयाल यादव, जगमोहन यादव, ईश्वर दीन, वृंदावन यादव, साहब दीन यादव, शिवप्रसाद तिवारी, जयकरन सिंह, उमानाथ शुक्ला और शिवप्रकाश शुक्ला सहित अन्य किसानों ने जिला अधिकारी से धूता माइनर की तत्काल सफाई कराकर अविलंब पानी छोड़े जाने की मांग की है। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते नहर में पानी नहीं पहुंचा तो धान की फसल पर संकट और गहरा जाएगा तथा किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।